NYOOOZ : एक नए युग की शुरूआत

वो दिन मै आज भी नहीं भूला और कैसे भूल जाऊं! एक संवेदनशील युवा के लिए बेहद जरूरी होता है कि वो संवेदनाओं को जिए. हां, संवेदनाएं नगरराज बनाती है. संवेदनशीलता हमें लोगों के आंसुओं और तकलीफ़ों को समझने देता है. एक दिन जो मेरी स्मृतियों में आज भी अंकित है, एक दिन जब बहुतContinue reading “NYOOOZ : एक नए युग की शुरूआत”

…,मोदीजी तो फिर सामाजिक बुराइयों को मौन स्वीकृति क्यों दे रहे थे आप

आपने एनडीए की सारी उपलब्धियां गिनवाया ठीक, भारतीय संस्कृति पर लम्बा-चौड़ा बोला ये भी ठीक, और इसके बाद आजादी के संघर्षों की गाथा, काबिले तारीफ. मनमोहक तरीके से भाषण देने में आप निपुण है इस बात को माना जा सकता है लेकिन इन सबके बाबत एक बात गले नहीं उतर रही है कि इससे पहलेContinue reading “…,मोदीजी तो फिर सामाजिक बुराइयों को मौन स्वीकृति क्यों दे रहे थे आप”

तिरंगे का सफरनामा

तिरंगे को राष्ट्रीय ध्वज बनाये जाने की पूरी कहानी महात्मा गांधी ने कहा था कि ‘हमारे लिए यह अनिवार्य होगा कि हम भारतीय मुस्लिम, ईसाई, ज्यूज, पारसी और अन्य सभी जिनके लिए भारत घर है, एक ही ध्वज को मान्यता दें और इसके लिए मर मिटें’. जिस ध्वज को देखकर भारत के सूरमा जोश सेContinue reading “तिरंगे का सफरनामा”

​मै उत्तर प्रदेश का वर्तमान हूं.

मै उत्तर प्रदेश आज अपने वर्तमान की हालात बताने जा रहा हूं. थोड़ा संभल कर सुनियेगा मेरा दर्द. मै हमेशा यही सोचता रहा कि बदलाव होने ही वाला है. लेकिन मेरे जनप्रतिनिधियों ने मेरे उम्मीद पर पानी फेरने का काम दम लगाकर किया. मैने जिन लोगों पर विश्वास कर, लोगों को जागरुक करने और समाजContinue reading “​मै उत्तर प्रदेश का वर्तमान हूं.”

बुधिया सिंह को ओलंपिक का सपना दिखाना गलत था क्या?

मनोज वाजपेयी की फिल्म बुधिया सिंह-बॉर्न टू रन  5 अगस्त को रिलीज होने जा रही है. ये फिल्म बुधिया सिंह के जीवन पर आधारित एक बायोपिक ही नहीं है बल्कि इसके पीछे बुधिया सिंह की एक ऐसी कहानी है, जो लिम्का एवॉर्ड से सम्मानित दुनिया के सबसे कम उम्र के सफल धावक के आज कोContinue reading “बुधिया सिंह को ओलंपिक का सपना दिखाना गलत था क्या?”

क्या राजनेताओं पर वादे से मुकर जाने पर कोई सजा मुकर्रर किया जाना चाहिए.

उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव, 2017 का सबसे बड़ा चुनाव होने के साथ ही आजाद भारत का सातवां दशक पूरा होने का साल भी होगा. ये चुनाव बहुत छोटा सा निर्णय नहीं होगा. ये साबित करेगा उन सभी राजनीतिक पार्टियों की वास्तविक जनभागीदारी जिनके दावें तो बहुत सारे है लेकिन जमीनी हकीकत कुछ और ही दिखाईContinue reading “क्या राजनेताओं पर वादे से मुकर जाने पर कोई सजा मुकर्रर किया जाना चाहिए.”

फेसबुक लाइव, ट्विटर पेरिस्कोप और यूट्यूब मोबाइल लाइव स्ट्रीमिंग के जरिए जुड़िए लाखों लोगों से

  आजकल लोगों में फेसबुक लाइव, पेरिस्कोप(ट्विटर पर लाइव वीडियों ड़ालने का एप) द्वारा वीडियों अपलोड करने का क्रेज हैं.   क्या है फेसबुक लाइव- फेसबुक मुख्य रूप से फेसबुक पेज पर ‘गो लाइव’ अपने फॉलोवर्स से आसानी से जुड़ने का एक खास तरीका है जिसमें आपके फॉलोवर्स और फेसबुक फ्रेंड आपकी बातों का जवाबContinue reading “फेसबुक लाइव, ट्विटर पेरिस्कोप और यूट्यूब मोबाइल लाइव स्ट्रीमिंग के जरिए जुड़िए लाखों लोगों से”

अहमदिया इस्लाम, जिसको पाकिस्तान आधिकारिक रूप से खारिज कर चुका है.

अहमदिया इस्लाम- हनफी इस्लामिक कानून को मानने वाले मुसलमानों का एक तबका अहमदिया कहलाता हैं. इस समुदाय की स्थापना भारतीय पंजाब के कादियान में मिर्जा गुलाम अहमद ने 1889 में की थी. इन लोगों के मुताबिक मिर्जा गुलाम अहमद खुद नबीं का ही अवतार थे. अहमदिया मुसलमानों के मुताबिक मिर्जा गुलाम अहमद इस्लाम के अंतिमContinue reading “अहमदिया इस्लाम, जिसको पाकिस्तान आधिकारिक रूप से खारिज कर चुका है.”

कुछ हो नहीं रहा हैं, बस बदलाव की उम्मीद कैसे कर लूं.

पता नहीं क्यों आज  सुबह से मै बहुत परेशान हूं, कोई बात भी नहीं है . मुझे मेरे आसपास की चीज़े जिसे परिवेश भी कहा जा सकता हैं मन में इस हद तक घर कर जाती है कि उसके बाद मै उनसे बाहर नहीं निकल पाता. मै अक्सर चाय की दुकानों पर जब छोटे बच्चोंContinue reading “कुछ हो नहीं रहा हैं, बस बदलाव की उम्मीद कैसे कर लूं.”

भारतीय सिनेमा को पंचम दा का  चार दशक का सहारा

दिग्गज संगीतकार, बॉलीवुड संगीत में एक अलग तरह का उमंग भरने वाले, अपने गाने के जरिए श्रोताओं के दिलों को धड़काने वाले, तकरीबन 300 से ज्यादा फिल्मों में संगीत का सहारा देकर उन फिल्मों का रूप-रंग बदलने वाले एक संगीतकार जो अपनी अलग पहचान को सदीयों तक बना रख पायेगा, नाम है आर. डी. बर्मन.Continue reading “भारतीय सिनेमा को पंचम दा का  चार दशक का सहारा”